'न्यू इंडिया' का विश्व विजय – हरारे में वैभव का उदय और भारत की छठी बादशाहत
हरारे (ज़िम्बाब्वे) | 7 फरवरी, 2026
भारतीय युवा टीम ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि क्रिकेट का भविष्य 'नीली जर्सी' के सुरक्षित हाथों में है। शनिवार को हरारे स्पोर्ट्स क्लब के मैदान पर खेले गए आईसीसी अंडर-19 विश्व कप 2026 के फाइनल में भारत ने इंग्लैंड को 100 रनों के विशाल अंतर से करारी शिकस्त दी। यह भारत का छठा अंडर-19 विश्व कप खिताब है (2000, 2008, 2012, 2018, 2022, और 2026), जो किसी भी देश द्वारा सर्वाधिक है।
1. पहली पारी: सूर्यवंशी की ऐतिहासिक 'आतिशबाजी'
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत संभली हुई रही, लेकिन इसके बाद जो हुआ वह क्रिकेट इतिहास के पन्नों में दर्ज हो गया।
-
वैभव सूर्यवंशी की मास्टरक्लास: मात्र 14 साल की उम्र में बिहार के इस युवा खिलाड़ी ने फाइनल को अपना मंच बना लिया। सूर्यवंशी ने केवल 80 गेंदों में 175 रनों की पारी खेली। उन्होंने अपनी पारी में 15 चौके और 15 छक्के जड़े।
-
रिकॉर्ड का अंबार: वैभव ने फाइनल में सबसे बड़े स्कोर (175) का रिकॉर्ड बनाया। उन्होंने 55 गेंदों में अपना शतक पूरा किया, जो किसी भी विश्व कप फाइनल का सबसे तेज़ शतक है।
-
टीम का कुल स्कोर: भारत ने 50 ओवरों में 411/9 का विशाल स्कोर खड़ा किया। कप्तान आयुष म्हात्रे (53) और कनिष्क चौहान (37)* ने अंत में तेजी से रन बटोरकर इंग्लैंड के गेंदबाजों का मनोबल पूरी तरह तोड़ दिया।
2. दूसरी पारी: इंग्लैंड का पलटवार और भारतीय गेंदबाजों का शिकंजा
412 रनों के असंभव से दिखने वाले लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की टीम ने आक्रामक रुख अपनाया।
-
कैलेब फाल्कनर का संघर्ष: इंग्लैंड के सलामी बल्लेबाज कैलेब फाल्कनर ने भारतीय गेंदबाजों को कड़ी चुनौती दी। उन्होंने मात्र 67 गेंदों में 115 रनों की तूफानी पारी खेली। एक समय ऐसा लग रहा था कि इंग्लैंड मैच को करीबी बना देगा।
-
गेंदबाजी में वापसी: जब फाल्कनर क्रीज पर थे, भारत दबाव में था। लेकिन स्पिनर आर.एस. अंबरीश (3/56) ने उन्हें आउट कर भारत की वापसी कराई। इसके बाद कनिष्क चौहान और दीपेश देवेंद्रन ने मध्यक्रम और निचले क्रम को टिकने का मौका नहीं दिया।
-
अंतिम परिणाम: इंग्लैंड की पूरी टीम 40.2 ओवरों में 311 रनों पर ढेर हो गई।
मैच का स्कोरकार्ड एक नज़र में
| श्रेणी | विवरण |
| भारत (बल्लेबाजी) | 411/9 (50 ओवर) - वैभव सूर्यवंशी 175, आयुष म्हात्रे 53 |
| इंग्लैंड (गेंदबाजी) | जैक थॉमसन 4/72, चार्ली वाइल्ड 2/65 |
| इंग्लैंड (बल्लेबाजी) | 311/10 (40.2 ओवर) - कैलेब फाल्कनर 115, हैरी मूर 42 |
| भारत (गेंदबाजी) | आर.एस. अंबरीश 3/56, कनिष्क चौहान 2/43 |
3. टूर्नामेंट का सफर: अजेय भारत
भारत ने इस पूरे टूर्नामेंट में एक भी मैच नहीं हारा। ग्रुप स्टेज से लेकर नॉकआउट तक, भारत ने ऑस्ट्रेलिया, पाकिस्तान और दक्षिण अफ्रीका जैसी दिग्गज टीमों को धूल चटाई। इस टीम की सबसे बड़ी ताकत इसकी गहराई (Depth) रही, जहाँ हर मैच में एक नया मैच-विजेता उभरकर सामने आया।
4. भविष्य के सितारे
इस जीत ने भारत को कई नए संभावित सुपरस्टार्स दिए हैं:
-
वैभव सूर्यवंशी: टूर्नामेंट के टॉप स्कोरर और भविष्य के सलामी बल्लेबाज।
-
आयुष म्हात्रे: एक शांत और चतुर कप्तान, जिन्होंने कप्तानी के साथ-साथ बल्लेबाजी में भी निरंतरता दिखाई।
-
आर.एस. अंबरीश: घातक लेग स्पिनर जिन्होंने महत्वपूर्ण मौकों पर विकेट चटकाए।
पुरस्कारों की बौछार
शानदार प्रदर्शन के लिए वैभव सूर्यवंशी को 'प्लेयर ऑफ द मैच' और पूरे टूर्नामेंट में 439 रन बनाने के लिए 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' के खिताब से नवाजा गया।
"यह पूरी टीम की मेहनत का नतीजा है। वैभव की पारी ने हमारे लिए काम आसान कर दिया था और गेंदबाजों ने अपनी योजना को बखूबी अंजाम दिया।" — आयुष म्हात्रे, भारतीय कप्तान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बीसीसीआई सचिव ने ट्वीट कर टीम को इस गौरवशाली उपलब्धि पर बधाई दी है।
अगला कदम: जश्न और सम्मान
बीसीसीआई ने चैंपियन टीम के लिए 10 करोड़ रुपये के नकद पुरस्कार की घोषणा की है। टीम इंडिया सोमवार को मुंबई लौटेगी, जहाँ एक भव्य 'ओपन बस परेड' की संभावना जताई जा रही है।
"यह जीत केवल 15 खिलाड़ियों की नहीं, बल्कि भारत के उस मजबूत क्रिकेटिंग स्ट्रक्चर की है जो जमीनी स्तर पर काम कर रहा है।" — मुख्य कोच, भारतीय अंडर-19 टीम